नरेंद्र मोदी ने राष्ट्रपति लूला की दूरदृष्टि और प्रेरक नेतृत्व सराहा
दिल्ली में द्विपक्षीय बैठकें और महत्वपूर्ण व ऐतिहासिक समझौतेस्वतंत्र आवाज़ डॉट कॉम
Saturday 21 February 2026 06:00:30 PM
नई दिल्ली। ब्राजील के राष्ट्रपति लुइज़ इनासियो लूला दा सिल्वा और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज हैदराबाद हाउस नई दिल्ली में भारत ब्राजील केबीच द्विपक्षीय बैठकें कीं और कई महत्वपूर्ण व ऐतिहासिक समझौतों पर सहमति व्यक्त की है। प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति ने इस मौके पर संयुक्त प्रेस वक्तव्य में इस संबंध में जानकारी साझा की। पीएम नरेंद्र मोदी ने राष्ट्रपति लूला और उनके डेलीगेशन का भारत में स्वागत करके अत्यंत प्रसन्नता व्यक्त की और कहाकि जिस आत्मीयता व गर्मजोशी केसाथ राष्ट्रपति लूला ने पिछले वर्ष ब्राज़ील में उनका स्वागत किया था, आज उसी भाव केसाथ भारत में उनका अभिनंदन करता हूं। नरेंद्र मोदी ने कहाकि भारत और ब्राजील के संबंधों को राष्ट्रपति लूला की दूरदृष्टि और प्रेरक नेतृत्व का लंबे समय से लाभ मिल रहा है। उन्होंने कहाकि बीते कुछ वर्ष में मुझे राष्ट्रपति लूला से कई बार मिलने का सौभाग्य मिला है और हर मुलाकात में उनमें मैंने भारत केप्रति इनकी गहरी मित्रता और विश्वास को महसूस किया है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहाकि राष्ट्रपति लूला के इस दौरे ने ऐतिहासिक एआई प्रभाव शिखर सम्मेलन की शोभा भी बढ़ाई और हमारी रणनीतिक साझेदारी को नई ऊर्जा भी दी है। नरेंद्र मोदी ने कहाकि आज हमारी जो चर्चाएं हुई हैं, उनमें हमने हर क्षेत्र में साझा उद्देश्य और साझा आकांक्षाओं से आगे बढ़ने पर विचार विमर्श किया है। उन्होंने कहाकि ब्राज़ील लैटिन अमेरिका में भारत का सबसे बड़ा ट्रेड पार्टनर है, हम आनेवाले पांच वर्ष में द्विपक्षीय व्यापार को बीस बिलियन डॉलर केभी आगे ले जाने केलिए प्रतिबद्ध है और हमारा व्यापार केवल आंकड़ा नहीं, विश्वास का प्रतिबिंब है एवं राष्ट्रपतिजी केसाथ आया बड़ा बिजनेस डेलीगेशन इसी विश्वास को दिखाता है। नरेंद्र मोदी ने कहाकि भारत-मर्कोसुर ट्रेड समझौते के विस्तार से हमारा आर्थिक सहयोग और सुदृढ़ होगा, टेक्नॉलॉजी और इनोवेशन के क्षेत्रमें हमारा सहयोग दोनों देशों के साथ पूरे ग्लोबल साउथ केलिए महत्व रखता है। उन्होंने खुशी व्यक्त कीकि हम ब्राजील में डिजिटल सार्वजनिक अवसंरचना केलिए उत्कृष्टता का केंद्र बनाने पर काम कर रहे हैं, कृत्रिम बुद्धिमत्ता, सुपरकंप्यूटर, सेमीकंडक्टर्स और ब्लॉकचेन जैसे क्षेत्रोंमें अपने सहयोग को भी हम प्राथमिकता दे रहे हैं। नरेंद्र मोदी ने विश्वास जतायाकि राष्ट्रपति लुइज़ इनासियो लूला दा सिल्वा की यह भारत यात्रा दोनों देशों की रणनीतिक साझेदारी को और गहराई देगी और आनेवाले वर्षों में सहयोग के नए आयाम स्थापित करेगी।
पीएम नरेंद्र मोदी ने कहाकि हम दोनों देश मानते हैंकि टेक्नोलॉजी सबको साथ लेकर चलने वाली होनी चाहिए और इसे मिलकर आगे बढ़ने का पुल बनना चाहिए। उन्होंने कहाकि ऊर्जा सहयोग हमारे संबंधों का एक मजबूत स्तंभ है, हाइड्रोकार्बन केसाथ हम नवीकरणीय ऊर्जा, इथेनॉल मिश्रण, टिकाऊ विमानन ईंधन ऐसे अनेक क्षेत्रोंमें भी सहयोग को और अधिक गति दे रहे हैं, ग्लोबल बायो-फ्यूल अलायंस में ब्राज़ील की सक्रिय भागीदारी हरित भविष्य केप्रति हमारे साझा संकल्प को दर्शाती है। नरेंद्र मोदी ने कहाकि ब्राजील ने आपदाप्रतिरोधी अवसंरचना केलिए गठबंधन की सह अध्यक्षता का भी प्रस्ताव रखा है, मैं इस पहल केलिए राष्ट्रपति लूला का अभिनंदन करता हूं, इस क्षेत्रमें ब्राज़ील का व्यापक अनुभव सीडीआरआई को और सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण योगदान देगा। नरेंद्र मोदी ने कहाकि महत्वपूर्ण खनिज और दुर्लभ पृथ्वी में जो समझौता हुआ है, वो रिज़िल्यंट सप्लाई श्रृंखला के निर्माण में एक बड़ा कदम है, डिफेंस के क्षेत्रमें भी हमारा सहयोग निरंतर बढ़ रहा है, ये एक-दूसरे केप्रति भरोसे और रणनीतिक तालमेल का बेहतरीन उदाहरण है, हम इस फायदे की पार्टनर्शिप को आगे भी और मजबूत करते रहेंगे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहाकि हम कृषि और पशुपालन क्षेत्रमें अपनी साझेदारी को भविष्य की जरूरतों के हिसाब से नए आयाम दे रहे हैं, जलवायुरोधी कृषि, सटीक खेती और जैव-उर्वरक जैसे क्षेत्रों में हमारा सहयोग दोनों देशों की फूड सिक्योरिटी को मजबूत करेगा। उन्होंने कहाकि ब्राजील में तिलहन, दलहन और एकीकृत खेती केलिए उत्कृष्टता केंद्र इसी दिशामें एक अहम पहल होने वाली है। उन्होंने कहाकि हेल्थ और फार्मा के क्षेत्रमें भी सहयोग की आपार संभावनाएं हैं, हम भारत से ब्राजील को सस्ती और अच्छी दवाइयों की आपूर्ति बढ़ाने पर काम करेंगे, साथही ब्राजील में आयुर्वेद और पारंपरिक चिकित्सा का भी विस्तार किया जाएगा, ताकि समग्र स्वास्थ्य सेवा को बढ़ावा मिले। नरेंद्र मोदी ने कहाकि वैश्विक मंच पर भारत और ब्राज़ील की साझेदारी सशक्त और प्रभावशाली रही है, लोकतांत्रिक देशों के रूपमें हम ग्लोबल साउथ की प्राथमिकताओं और आकांक्षाओं को आगे बढ़ाते रहेंगे। उन्होंने कहाकि जब भारत और ब्राज़ील मिलकर काम करते हैं तो ग्लोबल साउथ की आवाज़ और मज़बूत और ज़्यादा कॉन्फिडेंट हो जाती है। उन्होंने कहाकि भारत ब्राजील एकमत हैंकि आतंकवाद व उसके समर्थक पूरी मानवता के शत्रु हैं, हम सहमत हैंकि वर्तमान चुनौतियों से निपटने केलिए वैश्विक संस्थानों का रिफॉर्म अत्यंत आवश्यक है।