भारत की वैश्विक भागीदारी को और मजबूत करें-नरेंद्र मोदी
प्रशिक्षुओं ने प्रशिक्षण व भारत दर्शन के अनुभव साझा किएस्वतंत्र आवाज़ डॉट कॉम
Tuesday 25 August 2026 04:23:53 PM
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भारतीय विदेश सेवा के 2025 बैच के प्रशिक्षु अधिकारियों ने कल सेवातीर्थ में मुलाकात की। इस समूह में 50 आईएफएस प्रशिक्षु अधिकारी शामिल थे, जो देशभर के अलग-अलग राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों से हैं। प्रधानमंत्री ने उन्हें युवा राजनयिक कहकर संबोधित किया और कहाकि वे अपनी पोस्टिंग वाले देशों में ज़मीनी स्तरपर मज़बूत जुड़ाव बनाएं और स्थानीय समुदायों केसाथ भारत के संबंधों को और ज्यादा गहरा करें। उन्होंने कहाकि भारतीय मिशनों को न केवल सरकारों और संस्थानों केसाथ, बल्कि सामुदायिक स्तरपर लोगों केसाथ भी सार्थक संबंध बनाने चाहिएं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ऑफिसर ट्रेनीज़ को पारंपरिक राजनयिक दायरे से आगे बढ़कर अपना नेटवर्क बढ़ाने और लोगों केसाथ जुड़ाव गहरा करने केलिए प्रोत्साहित किया। प्रधानमंत्री ने उन्हें भारत की वैश्विक भागीदारी को और अधिक मज़बूत करने केलिए भारत की सभ्यतागत खूबियों को तकनीक, नवाचार और असरदार बातचीत केसाथ जोड़ने केलिए प्रेरित किया। नरेंद्र मोदी ने राजनयिकों से कहाकि वे दुनिया केसाथ भारत के आर्थिक जुड़ाव में अहम भूमिका निभाएं। उन्होंने भारतीय मिशनों की डिजिटल मौजूदगी को मज़बूत करने पर भी ज़ोर दिया। उन्होंने कहाकि वेबसाइट अक्सर वह पहला ज़रिया होती है, जिससे लोग किसी संस्था से जुड़ते हैं। प्रधानमंत्री ने वाणिज्यिक और दूसरी सेवाओं को और बेहतर, तेज़ी से काम करने वाला और नागरिकों केलिए आसान सुविधाओं हेतु तकनीक का ज़्यादा इस्तेमाल करने को कहा।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अधिकारियों से कहाकि वे भारत की सभ्यता, संस्कृति और भौगोलिक खूबियों को दुनिया के सामने लाकर भारत को पर्यटन का आकर्षक केंद्र बनाने की दिशा में काम करें। उन्होंने दुनियाभर के युवाओं में भारत केप्रति दिलचस्पी बढ़ाने केलिए ‘भारत को जानिए’ क्विज़ का इस्तेमाल करने का सुझाव दिया और ऐसी पहलों को और दिलचस्प बनाने केलिए एआई और गेमिंग के इस्तेमाल को बढ़ावा देने को कहा। प्रधानमंत्री से प्रशिक्षु अधिकारियों ने अपने प्रशिक्षण और भारत दर्शन के अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने उनसे दुनिया केसाथ भारत के सभ्यतागत और सांस्कृतिक संबंधों को समझने की अहमियत के बारेमें भी बात की।